- मंत्री कौशिक राय के प्रयास से धोलाई सह – जिला बन सका, बोले विधायक निहार रंजन दास
कछार में स्थित धोलाई सह जिला कार्यालय का आज औपचारिक उद्घाटन हुआ। असम के मंत्री कृष्णेंदु पाल ने धोलाई – सह जिला कार्यालय का उद्घाटन किया। इस अवसर पर सिलचर के सांसद परिमल शुक्लवैद्य, स्थानीय विधायक निहार रंजन दास, सिलचर विधायक दीपायन चक्रवाती कछार के जिला आयुक्त मृदुल यादव, जिला परिषद अध्यक्ष कंकन नारायण सिकदर, भाजपा, कछार इकाई के अध्यक्ष रूपम साहा, दक्षिण असम के डीआईजी कंकन ज्योति सैकिया, पुलिस अधीक्षक नुमाल महत्ता सहित धोलाई क्षेत्र के जिला परिषद सदस्यों की उपस्थिति रही।

मंत्री कृष्णेंदु पाल ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में, असम तेज़ी से भारत के शीर्ष पांच राज्यों में से एक बनने की ओर अग्रसर है। सह – जिला मिलना यह सिर्फ़ एक प्रशासनिक कदम नहीं है, बल्कि लोगों की दीर्घकालिक आकांक्षाओं की मान्यता है। मंत्री ने इस बात पर ज़ोर दिया कि असम सरकार का राज्य में 78 सह-जिला बनाने का लक्ष्य है, जिनमें से 39 पहले ही स्थापित किए जा चुके हैं और हाल ही में 10 और की घोषणा की गई है, 15 अगस्त, 2025 से पहले स्थापित कर दिया जाएगा।
यह पहल दूरी के बोझ को खत्म करेगी और आवश्यक सेवाओं को लोगों के करीब लाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में सह-जिलों को अधिक शक्तियां प्रदान की गई हैं, जिससे वे लोगों की बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए अधिक सशक्त बन सकें। ये 39 सह-जिले नागरिक केंद्रित सेवाओं को सुव्यवस्थित करेंगे क्योंकि उनका संचालन एक निर्धारित भौगोलिक क्षेत्र पर केंद्रित होगा। यह उम्मीद जताई कि सह-जिले जिले की समग्र विकास संभावनाओं को बेहतर बनाने के लिए लक्षित क्षेत्रों में एकजुट होकर काम करेंगे।

सह-जिलों के पास भूमि राजस्व, प्रशासनिक और मजिस्ट्रेटी शक्तियां, खाद्य और नागरिक आपूर्ति, उत्पाद शुल्क, आपदा प्रबंधन, लोगों के विकास और कल्याण कार्य जैसी सेवाओं पर अधिकार क्षेत्र होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस केन्द्रित दृष्टिकोण से सेवा वितरण में दक्षता सुनिश्चित होगी, जिससे लोगों को सुविधा मिलेगी तथा राज्य का विकास होगा। मंत्री कृष्णेंदु पाल ने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में आंदोलन करने से भी कुछ मिलता नहीं था। वर्तमान मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा जनता की भावनाओं को समझते हैं।
राज्य में जनता की सरकार चल रही यह कही जा रही। धोपाई कछार का दूसरा सह जिला है। इसके पहले लखीपुर सह जिले के रूप में कामकाज कर रहा। बराक घाटी विकास विभाग के मंत्री कौशिक राय क्षेत्र के विकास के लिए प्रयासरत है। मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में बराक घाटी में भी प्रगति हो रही। सिलचर सांसद परिमल शुक्लवैद ने अपने संबोधन में कहा कि इस क्षेत्र का सपना पूरा हुआ है ।
मिजोरम सीमा से सटा धोलाई असम का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है। एक समय था, सब डिविजनल की मांग करते थे, आज उससे अधिक बड़ा सपना सह -जिला मिला है। मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा ने 23 अगस्त 2023 में धोलाई को सह जिले के रूप मर्यादा दिया था और 28 अगस्त 2024 को राज्यपाल ने अधिसूचना जारी किया था। 12 अगस्त 2025 को कार्यालय का उद्घाटन हुआ है, जो जनता को प्रशासन तथा सरकार के करीब लाएगा। विधायक निहार रंजन दास ने कहा कि मंत्री कौशिक राय की वजह से धोलाई सह जिला बन सका।

धोलाई विकास में मंत्री का योगदान बताया। जबकि विधायक चक्रवर्ती ने कहा कि धोलाई सह जिला होने से सिलचर शहर में भीड़ कम होगी। कछार जिले के आयुक्त मृदुल यादव ने कहा कि आज का दिन गौरव का है । कार्यालय में 38 कर्मचारी होंगे । आरंभ में 11 विभागों के काम होंगे। इसके पूर्व धोलाई सह जिला आयुक्त रक्तिम बरुआ ने स्वागत भाषण रखा। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के लिए एक नया अध्याय आरंभ हुआ।
मालूम हो कि जरूरी सरकारी सेवाओं तक समय पर पहुंच और जमीनी स्तर पर शासन लाकर नागरिक केंद्रित सेवाओं को सुव्यवस्थित करने के लिए जिला स्तर से नीचे छोटी प्रशासनिक इकाइयां बनाने के लिए, राज्य सरकार ने प्रशासनिक फेरबदल में 39 सह-जिले बनाए हैं। इस पहल के साथ, असम देश का पहला राज्य बन गया है जिसके पास सह-जिले हैं। कार्यक्रम के दौरान मानियारखाल चाय बागान के कलाकारों ने झूमर नृत्य किया। बिहू, दिमासा, खासी और धमाइल नृत्य हुआ।


