Tuesday, September 8, 2026

‘मिया मुसलमान को असम पर कब्जा करने नहीं दूंगा’, सदन में ऐसा क्या हुआ कि विपक्ष पर भड़क गए हिमंत विश्व शर्मा 

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  • राज्य में कानून और व्यवस्था की स्थिति पर चर्चा करने के लिए विपक्षी दलों द्वारा लाए गए स्थगन प्रस्तावों पर हिमंत विश्व शर्मा राज्य विधानसभा में बोल रहे थे

पूर्वोत्तर भारत का प्रमुख राज्य असम के नागांव जिले में एक 14 वर्षीय लड़की के साथ तीन लोगों ने कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया, जिसके बाद से लोगों में गुस्सा बना हुआ है। इन सभी के बीच मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने मंगलवार को चेतावनी दी कि वह किसी का पक्ष लेंगे और ‘मिया’ मुसलमानों को राज्य पर “कब्जा” नहीं करने देंगे। राज्य में कानून और व्यवस्था की स्थिति पर चर्चा करने के लिए विपक्षी दलों द्वारा लाए गए स्थगन प्रस्तावों पर हिमंत विश्व शर्मा राज्य विधानसभा में बोल रहे थे।

प्रस्ताव का जवाब देते हुए असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर जनसंख्या वृद्धि को ध्यान में रखा जाता तो अपराध दर में वृद्धि नहीं होती। जब विपक्ष ने उन पर पक्षपात करने का आरोप लगाया तो हिमंत शर्मा ने पलटवार करते हुए कहा, ‘मैं पक्ष लूंगा। आप इसके बारे में क्या कर सकते हैं? पीटीआई ने उनके हवाले से कहा, ‘निचले असम के लोग ऊपरी असम क्यों जाएंगे? ताकि मिया मुसलमान असम पर कब्जा कर सकें? हम ऐसा नहीं होने देंगे।

गरमागरम बहस के बीच सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के सदस्य सदन के वेल में आ गए, जिसके कारण स्पीकर विश्वजीत दैमारी को कार्यवाही 10 मिनट के लिए स्थगित करनी पड़ी। कांग्रेस, एआईयूडीएफ और सीपीआई (एम) के विधायकों और एकमात्र निर्दलीय विधायक अखिल गोगोई ने महिलाओं के खिलाफ अपराधों सहित राज्य में बढ़ते अपराधों से उत्पन्न स्थिति पर चर्चा के लिए चार स्थगन प्रस्ताव पेश किए थे।

असम में विपक्षी दलों ने विधानसभा परिसर समेत गुवाहाटी के विभिन्न हिस्सों में प्रदर्शन किया और सरकार पर महिलाओं की सुरक्षा और उनके खिलाफ अपराध रोकने में विफल रहने का आरोप लगाया। विपक्ष के नेता देबब्रत सैकिया के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा भवन के अंदर से परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा तक मार्च किया। उन्होंने तख्तियां थाम रखी थी और महिलाओं की सुरक्षा की मांग करते हुए नारे लगाए और महिलाओं के खिलाफ सभी अपराधों के लिए एक विशेष समुदाय को निशाना बनाए जाने की निंदा की।

गुवाहाटी के हातीगांव में एआईयूडीएफ की युवा शाखा के सदस्यों की राज्य मुख्यालय के सामने पुलिस के साथ झड़प हुई, जब उन्होंने ‘दिसपुर चलो’ मार्च के तहत सचिवालय की ओर बढ़ने की कोशिश की। इस बीच, फरार दो अपराधियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर धींग में महिला समूहों का विरोध प्रदर्शन जारी रहा।

साभार। पीटीआई / दैनिक जागरण

 

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