वक्फ एक्ट के खिलाफ हिंसक विरोध प्रदर्शन करने में शामिल गिरफ्तार सात आरोपी
वक्फ संशोधन कानून के खिलाफ गत 13 अप्रैल को सिलचर में हुए हिंसक आंदोलन में शामिल 7 ( सात ) लोगों की गिरफ़्तारी हुई है। कछार जिले के पुलिस अधीक्षक नुमाल महत्ता ने मीडिया को बताया कि हिंसक आंदोलन के संबंध में मामला दर्ज किया गया था। जांच जारी है और सात लोगों को पकड़ा गया है।
राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा ने साफ कहा है कि इस कानून के खिलाफ किसी भी तरह की हिंसक विरोध प्रदर्शन की इजाजत नहीं दी जाएगी। पुलिस के मुताबिक गत दिनों सिलचर थाना अंतर्गत में बेरंगा गांव में लगभग 300 लोग इकट्ठे हुए और वक्फ अधिनियम के विरोध में सिलचर शहर की ओर मार्च शुरू किया। भीड़ को आगे बढ़ने से रोकने के लिए सिलचर थाने से पुलिस टीम मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए हल्का लाठीचार्ज किया।
घटना के संबंध में सिलचर पीएस केस संख्या 401/25 यू/एस 191(2)/191(3)/190/223/125/132/
इस बीच सिलचर शहर में भी वक्फ संशोधन कानून के खिलाफ विरोध हुआ। विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच में झड़प हुई, जिसके बाद स्थानीय प्रशासन ने मामला दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ अभियान चला रही है। इस मामले में अब तक 7 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। कछार के पुलिस अधीक्षक नुमाल महत्ता ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि सिलचर शहर में वक्फ संशोधन कानून के खिलाफ बिना इजाजत लिए विरोध प्रदर्शन किया गया।
उन्होंने प्रदर्शनकारियों पर इल्जाम लगाया कि उन लोगों ने पुलिस पर पथराव किया, जिसके जवाब में पुलिस ने भी हल्का बल का प्रयोग करना पड़ा।. इस घटना के बाद जिले में विषेधाज्ञा लागू कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि कानून को हाथ में लेने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद मामला दर्ज कर लिया गया है, मामले की जांच की जा रही है।
आरोपियों की गिरफ्तारी पर बात करते हुए कहा कि मंगलवार 15 अप्रैल को प्रशासन ने बागाडहर और काशीपुर इलाके में अभियान चलाकर 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। महत्ता के मुताबिक इस मामले में आगे और लोगों की गिरफ्तारी हो सकती है। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री डॉ. शर्मा ने गत कल मंगलवार को कहा कि राज्य में वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2025 के खिलाफ किसी भी प्रोटेस्ट करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने सुझाव दिया कि प्रदर्शनकारी अपनी शिकायतों को लेकर सर्वोच्च न्यायालय जाएं।
फिलहाल जिन सात लोगों को पकड़ा गया है, उनकी पहचान नजमुल इस्लाम उर्फ़ काबलु (24), बिदार लस्कर (32), रोहित हुसैन लस्कर (19 ), दिलवर हुसैन ( 30 ), रोहित अहमद मजूमदार (19), अतिकुल रहमान लस्कर( 25 ) और रियाजुल लस्कर ( 24 ) के रूप में हुई है।


