- मुख्यमंत्री डॉ. शर्मा ने कहा, देश की आजादी के लिए उनका अद्वितीय साहस और सर्वोच्च बलिदान भारत के इतिहास में हमेशा रहेगा अंकित
अमर शहीद मंगल पांडेय को उनकी जयंती पर याद 0किया गया। प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री ने नमन किया।वहीं सिलचर शहर में उनकी 199वीं जयंती का पालन किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा ने रविवार को देश के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के महानायक मंगल पांडेय की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।मंगल पांडेय ने 1857 में ब्रिटिश अधिकारियों के विरुद्ध विद्रोह का बिगुल फूंका था, जिसके बाद देश के विभिन्न हिस्सों में अंग्रेजी शासन के खिलाफ स्वतंत्रता की आवाज बुलंद होने लगी। इस विद्रोह को भारत के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम की शुरुआत माना जाता है। देश प्रतिवर्ष मंगल पांडेय के साहस और बलिदान को याद किया जाता है।

सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महान क्रांतिकारी मंगल पांडे की जयंती पर उन्हें नमन किया है। पीएम मोदी ने कहा कि मंगल पांडे का साहसिक जीवन आज भी हर भारतीय को गर्व से भर देता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “महान क्रांतिकारी मंगल पांडे को उनकी जयंती पर शत-शत नमन। मातृभूमि के स्वाभिमान और सम्मान की रक्षा के लिए उन्होंने अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उनका साहसिक जीवन आज भी हर भारतीय को गर्व से भर देता है। राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत उनकी शौर्यगाथा देश की हर पीढ़ी को प्रेरित करती रहेगी।
मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा ने भी इस स्वतंत्रता सेनानी को नमन करते हुए श्रद्धांजलि दी और उन्हें 1857 की क्रांति का अग्रदूत और अमर शहीद बताया। डॉ. शर्मा ने ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘1857 की क्रांति के अग्रदूत और अमर वीर शहीद मंगल पांडेय की जयंती पर हम उन्हें कोटि-कोटि नमन करते हैं। देश की आजादी के लिए उनका अद्वितीय साहस और सर्वोच्च बलिदान भारत के इतिहास में हमेशा अंकित रहेगा। कृतज्ञ राष्ट्र उन्हें श्रद्धापूर्वक याद करता है।
सिलचर में घुंघुर बाईपास स्थित चौक पर स्थापित अमर बलिदानी मंगल पांडेय की प्रतिमा को पुष्प की माला पहनाई गई। पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। मूर्ति स्थापना समिति ने प्रथम स्वतंत्रता सेनानी की जयंती का पालन किया। अमिताभ राय, प्रदीप कुमार कुर्मी, मानव सिंह सहित तमाम लोगों की उपस्थिति में मंगल पांडेय को याद किया गया। इस मौके पर विविध वक्ताओं ने मंगल पांडेय की साहसिक जीवन के बारे में वक्तव्य रखा। स्वतंत्रता सेनानी मंगल पांडेय अमर रहे के नारे लगे। यह घोषणा की गई कि मंगल पांडेय की 200वीं जयंती जब आएगा, तब धूमधाम मनाया जाएगा।


